हिन्‍दुस्‍तान एंटिबायोटिक्‍स लिमिटेड में विनिर्माण सुविधा संबंधी जानकारी

 

क.     बल्‍क विनिर्माण सुविधा

                                               

एचएएल में फर्मेटेशन पर आधारित विनिर्माण सुविधाऍं जैसे 19X92M3फर्मेटर के साथ डाऊन स्‍टीम प्रक्रिया, सोल्‍वेट रिकव्‍हरी के साथ अन्‍य सुविधाऍं जैसे बाष्‍प, जल,कूलिंग टावर, वाटर, कम्‍प्रेस्‍ड एअर इति. है । पूर्व में यह सुविधा फर्मेटेशन पर आधारित बल्‍क जैसे पेनिसिलिन जी, स्‍टेप्‍टोमायसिन सल्‍फेट द्वारा प्रस्‍तुत की गयी थी यह सुविधा वर्तमान में प्रयोग में नही है और वह पट्टे पर देने के लिए उपलब्‍ध है ।

 

ख.     फार्मूलेशन संयंत्र सुविधा

 

वर्तमान एचएएल में फार्मूलेशन और एग्रो फार्मूलेशन पर अपना ध्‍यान केन्द्रित किया है जिससे वह फार्मो और एग्रो बाजार पर अपनी पहचान बन जाए । एचएएल के फार्मा उत्‍पादन में इनजेक्‍टेबल उत्‍पाद, गोलियॉं, कैप्‍सूल और इन्‍ट्रा विनस उत्‍पाद, तरल सिरप इति. शामिल है । वर्तमान में फार्मा और एग्रो केम सहित विनिर्माण फार्मूलेशन क्षमता इस प्रकार है ।

 

  क्र.सं

उत्‍पादन सुविधा

क्षमता(वर्तमान) संख्‍या लाख में/प्रतिवर्ष

फार्मा संयंत्र

             

1

पावडर इन्‍जेक्‍टेबल  

 

सिफालोस्‍पोरिन

450

पेनिसिलिन

 450 

2

गोलियाँ

 

पेनिसिलिन

1200

नॉन- पेनिसिलिन

1200

3

पेनिसिलिन कैप्‍सूल

2500

4

आय.वी.फ्लूड

120

5

लिक्विड सिरप एवं एक्‍सटर्नल प्रिप्रेशन

24

एग्रो-केम संयंत्र

 

1

एग्रो-केम (स्‍टेप्‍टोमायसिन)

72

2

हुमर फार्मूलेशन

360केएल *

3

ऑरियोफंगिल बल्‍क

1.20 टोनर  

4

अझोटोमिल

50केएल *

5

फास्‍फोमिल

50केएल *

                               

* एचएएल के पास अनउपयोगी फर्मेन्‍टशन सुविधाऍं है इसलिए आवश्‍यकता के अनुसार इसकी क्षमता बढाई जा सकती है ।

 

विनिर्माण सुविधा की महत्‍वपूर्ण विशेषताऍं

I.    वर्तमान में एचएएल में विनिर्माण के लिए स्‍टैट आफ आर्ट सुविधा सिफालोस्‍पोरिन (पेनिसिलिन पाउडर इन्‍जेक्‍टेबल)सुविधा स्‍थापित की है सिफालोस्‍पोरिन पाउडर इन्‍जेक्‍टेबल का WHO-GMP प्रमाणपत्र प्रत्‍यार्षित की गयी है ।

II.    एचएएल का वर्तमान में आय.वी.फ्लूड संयंत्र रोमेन,स्‍वीत्‍झरलैंड के मशीन ब्‍लो फिल सील तकनीकी पर स्‍थापित है ।

III.    एचएएल के सभी संयंत्र फार्मा उत्‍पादन के लिए आवश्‍यक गुड मैन्‍यू फैक्‍चारिंग प्रैक्टिस के आवश्‍यकताओं को पूर्ण करते हैं ।

IV.    एचएएल भविष्‍य में नान पैरन्‍टल उत्‍पाद, आय.वी.फ्लूड, एग्रो केम(स्‍टैप्‍टोमायसिन) क्षमता को उन्‍नयन की योजना है।

 

ग. उत्‍पाद-विरणिका

 

I सिफालोस्‍पोरिन: पावडर इन्‍जेक्‍टेबल ()

   हाल्‍टेक्‍स(सिफोटेक्‍झीम)

   हेक्‍सोन(सेफट्रिएक्‍झोन)

   ट्रासफ(सेफापॅराझोन)

   यूरॉक्‍स(सिफ्रॉक्‍सीम सोडियम)

   हाल्‍टेक्‍स एस(सिफोटेक्‍झीम सोडियम + सल्‍बैक्‍टम)

   हेक्‍सोन एस(सेफट्रिएक्‍झोन सोडियम + सल्‍बैक्‍टम)

   ट्रासफ एस(सेफापॅराझोन सोडियम + सल्‍बैक्‍टम)

   हालपेन (मरोपेनम)

 

II  पेनिसिलिन : पावडर इन्‍जेक्‍टेबल ()

   डायनासिल (एम्पिसिलिन सोडियम)

   सोडिसिलिन(सोडियम पेनिसिलिन)

   लॉन्‍गासिलिन(बेंझाथिन पेनिसिलिन)

   फोर्टिफाइड प्रोकेन पेनिसिलिन

 

III लार्ज वल्‍यूम: पावडर इन्‍जेक्‍टेबल (इन्‍ट्रा विनस फ्लूड उत्‍पाद)

   डेक्‍सट्रोस

   सोडियम क्‍लोराइड

   डेक्‍सट्रोस + सोडियम क्‍लोराइड

   रिंगर लैक्‍टेट

   मॅनीटोल

   मेट्रोनिडाझोल

   सिप्रोफ्लोसासीन लैक्‍टेट

   प्‍लास्‍मा वाल्‍यूम एक्‍सपांडर(पोलिजेलिन)

   प्‍लाजिलॉक(लिओफ्लोकस्‍यसिन)

 

IV. ओरल डोसेज फॉर्म(टैबलैट्स) प्‍लेन टैबलैट्स (हयूमन एवं व्‍हर्टीनरी)

   केपेन(पेन.वी)

   डेलामिन एवं डेलामिन डीटी(एमौक्सिलिन)

   प्रिलोसी(सेफालैक्सिन)

   को-ट्रीमॉकस्‍यझोल

   पैरासिटामोल

   हालनाझ(फ्ल्‍यूकोनाझोल)

 

V. ओरल डोसेज फॉर्म(टैबलैट्स) कोटेड टैबलैट्स(विविध प्रमाण में)

   नॉरफ्लोकस्‍यसिन

   सिप्रोफ्लोकस्‍यसिन

   एरिथ्रोमायसिन

   डायक्‍लोफेनिक सोडियम

   रैनिटिडाइन

   डायक्‍लोफेनिक सोडियम + पैरासिटामोल

   पेनक्‍वीन टीझेड(सिप्रोफ्लॉक्सिन + टिनिडाझोल)

   हैक्‍झीम(सिफासिम)

 

VI. ओरल डोसेज फॉर्म(टैबलैट्स) सस्‍टेन्‍ड रिलीज टैबलैट्स(विविध प्रमाण में)

   हैलोरन(डाक्‍लोफेनिक सोडियम)

   सिफासिन

 

VII.ओरल डोसेज फार्म(कैप्‍सूल्‍स) कैप्‍सूल्‍स(विविध प्रमाण में)

   प्रिलोसी (सेफालेक्‍सीन)

   डेलामिन(एमौक्‍सीसिलिन)

   एम्‍पीसिलिन ट्रायहायड्रेट

 

VIII.लिक्विड सिरप/सस्‍पेन्‍शनस

   हमायसिन

   अल्‍बेंडाझोल

   पिपेराझोन

 

X एग्रो उत्‍पाद

   स्‍टेप्‍टोसाइक्लिन (एन्टिबॅक्‍टेरियल)

   ऑरियोफंगिन(एंन्टिफंगल)

 

तरल जैविक खाद

   एझोटोमेल

   फोस्‍पोमिल

   हयूमर

 

ध. एचएएल द्वारा एग्रो केम उत्‍पाद विनिर्माण

I. स्‍टेप्‍टोसाइक्लिन

 

स्‍टेप्‍टोसाइक्लिन एंटि बैक्‍टेरियल एंटिबायोटिक्‍स फार्मूलेशन है जिसे पौधे के फफूंदी बिमारी के नियंत्रण के लिए सिफारिश की जाती है यह पीले रंग के स्‍टेप्‍टोसाइक्लिन सल्‍फेट और टेट्रासाइक्लिन हाड्रोक्‍लोराइड के साथ पूर्ण रूप से धुलनशील पाउडर है । जब उसे फुहराया जाता है यह पानी में आसानी से घुलनशील और उचित और शीघ्र रूप से पौधा में आत्‍मशील हो जाता है यह वर्षा के पानी में घुलता नही है ।

 

स्‍टेप्‍टोसाइक्लिन फसल की बीमारियों के नियंत्रण के लिए बहुत प्रभावी है कुछ उदाहरण नीचे दिए गए है ।

फसल

बीमारियों

कपास            

कोणदार पत्‍ता/सीडिंग ब्‍लाइट टिण्‍डा गलन

अंगूर 

जीवाण्विक पर्ण 

अनार

अंगमारी(बैक्‍टरियल ब्‍लाइट)

चावल

जीवाण्विक पत्‍ते पर दाग(वैकटीरियल लीफ स्‍पॉट)

केला 

तना विगलन,पत्‍ते पर दाग, लीफ ब्‍लाइट

                             

स्‍टेप्‍टोसाइक्लिन 06 ग्राम के पाउच और 500ग्राम पैक में उपलब्‍ध है । स्‍टेप्‍टोसाइक्लिन का जीवन काल 24 महीने है ।

 

II. हयूमर

 

हयूमर तरल जैविक है । पौधे पर फुआरा जाता है । यह पौधे के लिए संतुलित आहार है । हयूमर विभिन्‍न फसल को विभिन्‍न जीवन तत्‍व प्रदान करता है और 20-25 फसल की पैदावार बढाता है सभी फसलों को कम या जादा जीवन तत्‍वों की आवश्‍यकता होती है । प्रत्‍येक फसल के उपरान्‍त निरन्‍तर फसल प्राप्‍त करने से जीवन तत्‍व कम हो जाते हैं । फसल के लिए आवश्‍यक सभी जीवन तत्‍व उपयोग किए जाने चाहिए । यह पौधे के जीवन तत्‍वों में से महत्‍वपूर्ण तत्‍वों है और एक भी तत्‍व की अनुपस्थिति से पौधे अपने सम्‍पूर्ण जीवन चक्र प्राप्‍त करने में असफल हो जाता है । पौधे के वृद्धि के लिए सूक्ष्‍म जीवन तत्‍व लोहा, मैगनीज, कापर, जिंक, बोरोन, मोलिडिनम और क्‍लारिन है । हयूमर जैविक क्षेत्र का बायो-आर्गेनिक फुहारने वाल स्‍प्रे है जो हयूमर जैसे पदार्थ का स्‍वयंनिर्मित सूक्ष्‍म जीवन तत्‍व है । हयूमर में भूमि को प्रतिरोधक बनाने और एसिड तैयार करने का गुण है ।

हयूमर से पैदावर में वृद्धि होती है ।

      सुक्ष्‍म जीवन तत्‍वों को शोधन और सुक्ष्‍म तत्‍व जीवन तत्‍वों को समरूप बनाना

      विभिन्‍न इन्‍जाइम प्रतिक्रिया पर उत्‍तेजक प्रभाव उत्‍पादित करना ।

      पौधे को वातावर्णीय दुष्‍प्रमाण से बचाना ।

 

हयूमर का प्रयोग

 

      अंकुरण और पुष्‍पन की क्रिया तेज करता है और पौधे की निष्क्रियता खत्‍म करता है ।

      फल, फसल और सब्‍जी की प्राकृतिक ताजापन बनाए रखता है ।

 

हयूमर ही क्‍यो

 

हयूमर सभी पौधे में आसानी से आत्‍मसात हो जाता है । यह अंकुरण जडो को मजबूत बनाता है । यह कोपल और फूल के विकास में सहायक होता है । हयूमर पौधे की सुप्‍तता को तोड परिवेश तापमान और पौधे को मजबूत बनाता है । हयूमर 100 मि.ली.-250 मि.ली.0.5ली.1ली.5ली.50ली के पैक में उपलब्‍ध है। इसका जीवन काल 60 महीने है ।

 

 III. ओरियोफंगिन

 

ओरियोफंगिन खेतों में प्रयोग हेतू एक ऐसा फफदी नाशक(फफदी प्रतिरोधक) एंटिबायोटिक्‍स है, जिसका खोज और विकास हिन्‍दुस्‍तान एंटिबायोटिक्‍स में किया गया है । ओरियोफंगिन विभिन्‍न फंफूदी से संबं‍धित बिमारियों के नियंत्रण और बचाव के लिए बहुत उपयोगी है । ओरियोफंगिन फसल में पाइ जानी वाली बिमारियों के लिए बहुत प्रभावी है ।

इसके कुछ उदाहरण निम्‍नानुसार है :-

 

फसल

रोग

सेब        

एप्‍पल पाऊडरी म्ल्डियू

केला 

एन्‍थ्राक्‍नोस

अंगुर

ड्रऊन मिलडयू

गेहू

किट्ट

नारियल

मुरझान

गन्‍ना

कंड और स्‍मुट

 

ओरियोफंगिन सोल

 

ओरियोफंगिन सोल फफूदी नाशक फार्मूलेशन है ।

 

ओरियोफंगिन फुहारे का प्रयोग :-

क-         बीज में उत्‍पन्‍न संक्रमण रोग से बचाव ।

ख-         उत्‍कृष्‍ठ अंकुरण परिणाम ।

ग-          भडारण और परिवहन के दौरान बीमारियों से नियंत्रण ।

 

ओरियोफंगिन की मात्रा :-

विभिन्‍न फसलों और बीमारियों के आधार पर 50-100 पीपीएम ।

   ओरियोफंगिन जीवन चक्र 24 महीने ।

   ओरियोफंगिन जहरीला नही है और न ही वातावरण को प्रदूषित करता है ।

   ओरियोफंगिन का शीघ्र निम्‍नीकरण हो जाता है ।

  ओरियोफंगिन 13 ग्राम पाउच में और 65 ग्राम टिन में उपलब्‍ध है ।

 

iv.अजटोमिल:-

अजटोमिल पर्यावरण अनुकूल नाइट्रोजन युक्‍त तरल जैविक खाद है । अजटोमिल पोषक आवश्‍यकता की प्रतिपूर्ति के लिए खाद पूर्ति का अनुपूरक है। यह भूमि रक्षा, बीज उपचार, पौधे उपचार, छिडकाव के लिए होता है ।

 

अजटोमिल के फायदे :-

   अजटोमिल 20 से 40 कि.ग्राम नाईट्रोजन प्रति हेक्‍टर उपलब्‍ध कराती है ।

   अजटोमिल से रासायनिक खाद की बचत होती है ।

   अजटोमिल अपनी जैविक क्रिया द्वारा पौधे में वृद्धि करके एनजाइमस व बिटामिन छोडते हैं । जो पौधे की वृद्धि में सहायक होते हैं ।

   अजटोमिल रोग जनक घटक को दबाकर और विभारियों पर नियंत्रण करती हैं ।

   अजटोमिल से फसल ने 20-25% वृद्धि अधिक होती है ।

 

नाइट्रोजन और जैविक लाभ

 

जब अजटोमिल भूमि और पौधे के भाग के सम्‍पर्क में आती है वह 3घन्‍टे में पौधे में उपस्थिति कार्बोहाइड्रेड का प्रयोग कर वनस्‍पतिक सेल में परिवर्तित करती है । फिर वातावरणीय नाईट्रोजन को अमोनिया में परिवर्तित करने के साथ-साथ पौधे की वृद्धि के लिए आवश्‍यक पदार्थ निर्माण करती है ।

अजटोमिल 250 मि.ली. और 1 लीटर में उपलब्‍ध है । इसका जीवनकाल 2 वर्ष है ।

 

V फास्‍फोमील -

उच्‍च उत्‍पादन की मांग को देखते हुए नाईट्रोजन और फास्‍फोरिक की पूर्ति के लिए खाद की मात्रा में वृद्धि हुई है । मिट्टी में जैविक और फसल उत्‍पादन में फास्‍फोमील महत्‍वपूर्ण स्‍थान प्राप्‍त करता है । कछ सूक्ष्‍म जीव अघुलशील फास्‍फेट को घुलनशील बना देते हैं । जो पौधे के लिए आवश्‍यक है । फास्‍फों मिल में फास्‍फेट विलेयकारी फफदी सुप्‍त अवस्‍था में होते हैं फर्मेटेशन उत्‍पाद में ये जीवन्‍त सेल में होते हैं जो कि पौधे में सम्‍पूर्ण रूप से समा जाते हैं ये जैविक उर्वरक भूमि के पोषक तत्‍वों के हास के नियंत्रित कर भूमि का उर्वरक शक्ति बनाए रखते हैं और भूमि को कृषि योग्‍य बनाते हैं ।

 

फास्‍फोमील के फायदे :-

   फास्‍फोमील 30 से 50 कि.ग्रा.पी205/हेक्‍टर विलयशील कराते हैं ।

   फास्‍फोमील भूमि की उपजाऊ बनाए रखता है ।

   फास्‍फोमील खेतिहर प्रणाली को ग्रहणशीलता प्रदान करता है ।

   फास्‍फोमील सस्‍ता, प्रदूषण मुक्‍त और नयी स्‍फूर्ति श्रोत है ।

   फास्‍फोमील 250 मि.ली और 1 लीटर में उपलब्‍ध है । इसका जीवनकाल 2 वर्ष है ।